
प्रधानमंत्री धन धान्य कृषि योजना: बजट 2025 में किसानों के लिए नई पहल
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट 2025 में किसानों के लिए एक महत्वपूर्ण योजना, 'प्रधानमंत्री धन धान्य कृषि योजना' की घोषणा की है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य कृषि उत्पादकता को बढ़ाना और किसानों की आय में वृद्धि करना है। यह योजना विशेष रूप से कम उत्पादकता वाले 100 जिलों पर केंद्रित होगी। सरकार खाद्य तेलों में आत्मनिर्भरता प्राप्त करने के लिए 'राष्ट्रीय तेल मिशन' भी चला रही है।
योजना की प्रमुख घोषणाएँ:
- किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) की सीमा में वृद्धि: किसानों को कृषि कार्यों के लिए अधिक वित्तीय सहायता प्रदान करने हेतु किसान क्रेडिट कार्ड की सीमा को 3 लाख रुपये से बढ़ाकर 5 लाख रुपये कर दिया गया है। इससे लगभग 1.7 करोड़ किसानों को लाभ मिलने की संभावना है।
- बिहार में मखाना बोर्ड का गठन: बिहार के मखाना किसानों के लिए उत्पादन, प्रोसेसिंग और मार्केटिंग को बेहतर बनाने के उद्देश्य से एक 'मखाना बोर्ड' के गठन की भी घोषणा की गई है।
प्रधानमंत्री धन धान्य कृषि योजना की मुख्य विशेषताएँ:
| विशेषता | विवरण |
|---|---|
| योजना का नाम | प्रधानमंत्री धन धान्य कृषि योजना |
| घोषणा | बजट 2025 |
| लाभार्थी | लगभग 1.7 करोड़ किसान |
| उद्देश्य | कृषि उत्पादकता बढ़ाना और किसानों की आय में वृद्धि करना |
| क्षेत्र | कम उत्पादकता वाले 100 जिले |
| KCC लिमिट | 3 लाख से बढ़ाकर 5 लाख |
| मखाना बोर्ड | बिहार में गठन |
योजना के संभावित लाभ:
- कृषि उत्पादकता में वृद्धि होगी, खासकर कम उत्पादकता वाले क्षेत्रों में।
- सिंचाई सुविधाओं में सुधार के लिए कदम उठाए जाएंगे।
- किसानों की आय में वृद्धि होगी, जिससे उनका जीवन स्तर बेहतर होगा।
- पंचायत स्तर पर भंडारण क्षमता को बढ़ाया जाएगा।
- किसान क्रेडिट कार्ड की बढ़ी हुई लिमिट से किसानों को आसानी से ऋण उपलब्ध होगा।
- मखाना बोर्ड के गठन से मखाना किसानों को उत्पादन, प्रसंस्करण और विपणन में विशेष सहायता मिलेगी।
पात्रता और पंजीकरण प्रक्रिया:
यह योजना मुख्य रूप से कम उपज और कम उपजाऊ भूमि वाले क्षेत्रों के किसानों पर केंद्रित है। सरकार ने छोटे किसानों पर विशेष ध्यान देने की बात कही है। योजना के लिए विशिष्ट पात्रता मानदंड और पंजीकरण प्रक्रिया के बारे में अभी कोई आधिकारिक जानकारी जारी नहीं की गई है। उम्मीद है कि सरकार जल्द ही इस संबंध में विस्तृत दिशानिर्देश जारी करेगी।
किसान क्रेडिट कार्ड (KCC):
किसान क्रेडिट कार्ड एक महत्वपूर्ण योजना है जिसके तहत किसानों को कृषि संबंधी आवश्यकताओं जैसे बीज, उर्वरक, कीटनाशक और अन्य कृषि सामग्री खरीदने के लिए ऋण प्रदान किया जाता है। इसकी सीमा बढ़ने से किसानों को अपनी कृषि आवश्यकताओं को पूरा करने में और अधिक सुविधा मिलेगी।
बिहार मखाना बोर्ड:
यह बोर्ड बिहार के मखाना किसानों को मखाना की खेती, उत्पादन, प्रसंस्करण, मूल्य संवर्धन और विपणन में सहायता और सुधार के लिए काम करेगा, जिससे उन्हें बेहतर बाजार और मूल्य प्राप्त हो सकें।