
भारतीय रेलवे ने अपने यात्रियों, विशेषकर कम आय वर्ग और जनरल कोच में सफर करने वालों के लिए एक महत्वपूर्ण योजना 'IRCTC इकोनॉमी मील्स' शुरू की है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि यात्रियों को अपनी यात्रा के दौरान बहुत ही कम कीमत पर सस्ता, पौष्टिक और साफ-सुथरा भोजन मिल सके, जिससे उनका सफर और भी आरामदायक हो सके। यह सुविधा गर्मियों के मौसम में बढ़ती भीड़ के दौरान यात्रियों के लिए विशेष रूप से राहत भरी है।
इस योजना के तहत रेलवे स्टेशनों पर विशेष स्टॉल लगाए गए हैं, जहां यात्री केवल 20 रुपये में भरपेट खाना प्राप्त कर सकते हैं। कुछ पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर 10 रुपये में भी भोजन उपलब्ध है।
योजना का विस्तृत विवरण:
- योजना का नाम: IRCTC इकोनॉमी मील्स
- शुरुआत: 2023 में की गई।
- मुख्य लाभार्थी: जनरल कोच यात्री और कम आय वर्ग के लोग।
- मूल्य सीमा: न्यूनतम 20 रुपये (कुछ जगहों पर 10 रुपये) और अधिकतम 50 रुपये।
- उपलब्धता: शुरुआत में 64 स्टेशनों पर पायलट प्रोजेक्ट के रूप में शुरू हुई थी, अब इसका विस्तार 100 से अधिक स्टेशनों पर हो चुका है और 150 से ज्यादा काउंटर खोले जा चुके हैं।
- स्टॉल का स्थान: प्लेटफार्मों पर, विशेष रूप से जनरल कोच के पास।
भोजन के विकल्प और कीमत:
- 20 रुपये का इकोनॉमी मील: इसमें 7 पूड़ी, आलू की सब्जी और अचार शामिल होता है। यह विकल्प उन यात्रियों के लिए है जो कम दाम में पेट भरने वाला और पौष्टिक भोजन चाहते हैं।
- 50 रुपये का स्नैक मील: इसमें राजमा-चावल, छोले-भटूरे, पाव भाजी, मसाला डोसा, कुलचे-छोले या खिचड़ी जैसे विकल्प मिलते हैं। प्रत्येक व्यंजन लगभग 350 ग्राम की मात्रा में उपलब्ध होता है।
- वर्तमान में, योजना के तहत केवल शाकाहारी व्यंजन ही उपलब्ध हैं।
योजना के उद्देश्य और लाभ:
- किफायती भोजन: कम आय वर्ग के यात्रियों को यात्रा के दौरान सस्ते में पौष्टिक और स्वच्छ भोजन उपलब्ध कराना।
- स्वच्छता और गुणवत्ता: IRCTC द्वारा तैयार किए जाने वाले भोजन की सफाई और ताजगी का पूरा ध्यान रखा जाता है।
- सुविधा: प्लेटफार्म पर ही भोजन उपलब्ध होने से यात्रियों को बाहर से खाना लाने की आवश्यकता नहीं पड़ती, जिससे समय की बचत होती है।
- यात्रा अनुभव में सुधार: सस्ते और अच्छे भोजन की उपलब्धता से यात्रियों का सफर अधिक आरामदायक और सुखद बनता है।
- रोजगार के अवसर: इस योजना से छोटे व्यवसायियों को स्टॉल चलाने का अवसर मिलता है।
योजना का क्रियान्वयन और भविष्य:
- यह योजना देश के कई बड़े और व्यस्त रेलवे स्टेशनों पर लागू की गई है, जिनमें नई दिल्ली, हावड़ा, मुंबई सेंट्रल, चेन्नई सेंट्रल, लखनऊ, पटना, भोपाल, जयपुर, सूरत और सिकंदराबाद जैसे प्रमुख स्टेशन शामिल हैं।
- योजना की सफलता को देखते हुए, भविष्य में इसे और अधिक स्टेशनों पर लागू करने की योजना है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ):
- क्या 10 रुपये में खाना हर स्टेशन पर मिलेगा? अभी यह सुविधा चुनिंदा स्टेशनों पर ही है, और कई जगह 20 रुपये में इकोनॉमी मील मिल रहा है।
- क्या इकोनॉमी मील्स में मांसाहारी विकल्प हैं? नहीं, फिलहाल इसमें सिर्फ शाकाहारी व्यंजन ही उपलब्ध हैं।
- क्या यह सुविधा सिर्फ जनरल कोच यात्रियों के लिए है? यह योजना विशेष रूप से जनरल कोच यात्रियों के लिए है, लेकिन अन्य यात्री भी इन स्टॉल्स से खाना खरीद सकते हैं।
- क्या खाना ताजा और साफ-सुथरा होता है? हां, IRCTC द्वारा बनाए गए खाने में सफाई और ताजगी का पूरा ध्यान रखा जाता है।
- क्या भविष्य में इस योजना का विस्तार होगा? हां, पायलट प्रोजेक्ट की सफलता के बाद इसे और ज्यादा स्टेशनों पर लागू किया जाएगा।
यह योजना रेलवे द्वारा यात्रियों के लिए एक वास्तविक और सराहनीय कदम है, जो गरीब, मजदूर, छात्र और आम यात्रियों को सफर के दौरान किफायती और गुणवत्तापूर्ण भोजन प्रदान कर रही है।